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साउथैंप्टन। 2014 में महेंद्र सिंह धौनी की जगह टेस्ट की कप्तानी संभालने वाले विराट कोहली साढ़े तीन साल में 38 टेस्ट में भारत का नेतृत्व कर चुके हैं और ऐसा कभी नहीं हुआ जब उन्होंने लगातार दो मैचों में एक जैसी टीम उतारी हो। टीम जीत रही हो या हार रही हो, उन्होंने हर बार अंतिम एकादश में परिवर्तन किया।
इंग्लैंड में भी किए बदलाव:-इंग्लैंड के खिलाफ जारी पांच टेस्ट मैचों की सीरीज के तीनों मैचों में भी उन्होंने अलग-अलग टीम खिलाई, लेकिन नॉटिंघम में मिली 203 रनों की जीत के बाद लग रहा है कि एजेस बाउल स्टेडियम में 30 अगस्त से शुरू होने वाला चौथा टेस्ट विराट का ऐसा पहला टेस्ट होगा जब वह लगातार दो टेस्ट में एक जैसी अंतिम एकादश उतारेंगे। हालांकि, रविचंद्रन अश्विन कि चोट इस पर पानी फेर सकती है। अगर चोट के कारण अश्विन इस मैच में नहीं खेल पाते हैं तो विराट को अपनी कप्तानी में लगातार 39वें टेस्ट में अंतिम एकादश में बदलाव को मजबूर होना होगा।
क्यों फंसे चक्रव्यूह में ?:-2014 में जब ऑस्ट्रेलिया दौरे पर विराट ने कप्तानी संभाली तो उन्हें परिस्थितियों के कारण अलग-अलग मैचों में अलग-अलग टीम उतारनी पड़ी। कभी मुरली विजय या शिखर धवन जैसे ओपनरों के चोटिल होने तो कभी स्पिनरों में सामंजस्य बिठाने के लिए अंतिम एकादश में परिवर्तन हुए। इसमें 22 मैच विराट की टीम ने जीते।टीम इंडिया जब भारत में 2015-16 में न्यूजीलैंड, बांग्लादेश, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी टीमों को लगातार टेस्ट सीरीज में मात दे रही थी तब भी ये परिवर्तन लगातार जारी थे। टीम जीत रही थी इसलिए ज्यादा सवाल नहीं उठे। कभी शानदार प्रदर्शन करने वाले स्पिनर जयंत यादव को बाहर किया तो कभी चेन्नई में इंग्लैंड के खिलाफ 300 रन बनाने के तुरंत बाद करुण नायर को बाहर किया गया। जिन अजिंक्य रहाणे को खिलाने के लिए नायर को 300 रनों की पारी खेलने के बाद बाहर होना पड़ा, उन्हीं उप कप्तान रहाणे को दक्षिण अफ्रीका में शुरुआती दो टेस्ट से बाहर कर दिया। उसके बाद से करुण एक भी टेस्ट मैच नहीं खेल पाए हैं।
फॉर्म में लौटे पुजारा और रहाणे:-मध्य क्रम में अजिंक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा की फॉर्म चिंता का विषय थी लेकिन इन दोनों की फॉर्म वापस आ गई। दोनों ने पिछले मैच में अर्धशतक जमाए। पुजारा को पहले टेस्ट में नहीं खिलाया गया था। लॉर्ड्स में वह 01 व 17 रन बनाकर आउट हुए। रहाणे ने 13 पारियों बाद अर्धशतक लगाया। इसके अलावा कोहली फॉर्म में हैं। उनकी पीठ में हल्की समस्या थी, लेकिन एक सप्ताह के विश्राम से उन्हें आराम करने का मौका मिला। अब वह एक बार फिर तरोताजा होकर रन बनाने उतरेंगे।
अश्विन की चोट बन सकती है समस्या:-पिछले मैच में पीठ की समस्या झेलने वाले स्पिनर रविचंद्रन अश्विन के लिए भी सात दिन का आराम राहत लेकर आया है। उनके भी अगले मैच में बने रहने की उम्मीद है। इसके अलावा ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या, गेंदबाज इशांत शर्मा, मुहम्मद शमी और जसप्रीत बुमराह भी टीम में बने ही रहेंगे।हालांकि, हमेशा की तरह अंतिम एकादश का फैसला पिच और मौसम को देखकर मैच के एक दिन पहले ही होगा। अगर साउथैंप्टन की पिच बहुत ज्यादा स्पिनरों के मुफीद नहीं हुई और अश्विन फिट रहे तो टीम इंडिया में परिवर्तन नहीं होगा। अगर अश्विन फिट नहीं हुए तो रवींद्र जडेजा को मौका मिल सकता है। वहीं दूसरी ओर इंग्लैंड टीम में बदलाव तय है। उसमे सैम कुर्रन की वापसी हो सकती है।

नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच खेली जा रही टेस्ट सीरीज़ में इंग्लैंड की टीम 2-1 से आगे है। इस सीरीज़ का चौथा टेस्ट साउथैंप्टन में 30 अगस्त से खेला जाएगा। इस टेस्ट सीरीज़ के चौथे मुकाबले से पहले टीम इंडिया के पूर्व ओपनिंग बल्लेबाज़ वीरेंद्र सहवाग ने इस सीरीज़ की स्कोर लाइन को लेकर एक भविष्यवाणी की है।
सहवाग ने की ये भविष्यवाणी:-टीम इंडिया को इस सीरीज़ के पहले दो मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन नॉटिंघम में जिस तरह से कोहली एंड कंपनी ने वापसी की उससे सीरीज़ का रोमांच बढ़ गया है। यही वजह है कि सहवाग का मानना है कि विराट कोहली की ये टीम इंग्लैंड को उसी के घर में 3-2 से मात दे सकती है। सहवाग ने कहा कि, विराट कोहली की कप्तानी में भारत इंग्लैंड को 3-2 से मात देकर टेस्ट सीरीज़ जीत सकता है। यह कठिन है, लेकिन नामुमकिन नहीं।टीम में मौजूद खिलाड़ियों और उनके प्रदर्शन को देखकर मैं यह कह सकता हूं की ये टीम इंग्लैंड में सीरीज़ जीत सकती है।
ऐसे हारे पहले दो टेस्ट:-एजबेस्टन में खेले गए पहले टेस्ट मैच में भारत टीम जीत के करीब आकर हार गई थी। उस मुकाबले में कोहली एंड कंपनी को 31 रन से हार का सामना करना पड़ा था। दूसरे टेस्ट में भारतीय खिलाड़ियों ने मेजबान टीम के सामने पूरी तरह से सरेंडर कर दिया और लॉर्ड्स में भारतीय टीम को पारी और प159 रन से हार का सामना करना पड़ा। लॉर्ड्स टेस्ट की दोनों पारियों में भारतीय टीम 135 रन तक का आंकड़ा नहीं छू सकी थी। तीसरे टेस्ट मैच में टीम इंडिया ने शानदार वापसी की और इंग्लैंड को 203 रन से मात देकर जीत हासिल की। नॉटिंघम टेस्ट में गेंदबाज़ी के साथ-साथ बल्लेबाज़ी में भी शानदार प्रदर्शन किया।
कोहली के प्रदर्शन पर ये बोले सहवाग:-सहवाग ने भारतीय कप्तान विराट कोहली के मौजूदा प्रदर्शन पर बात करते हुए कहा कि, कोहली ने इस सीरीज़ में बेहतरीन बल्लेबाज़ी की है। वो अभी तक 440 रन बना चुके हैं और सिर्फ मुझे ही नहीं पूरे देश को यकिन है कि वो इस सीरीज़ में आगे भी दमदार बैटिंग करते रहेंगे। आपको बता दें कि कोहली मौजूदा टेस्ट सीरीज़ में अभी तक 440 रन बना चुके हैं और वो इस सीरीज़ में सबसे ज़्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज़ भी हैं। मौजूदा टेस्ट सीरीज़ में कोहली दो अर्धशतकों के साथ-साथ दो शतक भी जड़ चुके हैं।

 

 

नई दिल्ली। भारत और पाकिस्तान के रिश्तों के बीच कितनी बड़ी दरार है ये सभी को पता है। रोजाना बार्डर पर गोलीबारी की खबरें आती रहती है। लेकिन एक जगह है जहां से इस नफरत की दीवार को गिराया जा सकता है और वो जगह खेल का मैदान। खेल का मैदान भी इन दो देशों के बीच की इस दरार को भरने में अहम भूमिका निभा सकता है। ऐसी ही एक छोटी सी कोशिश की है भारतीय कप्तान विराट कोहली ने। कोहली की इस कोशिश के चलते ही पूरे पाकिस्तान में उनकी तारीफ हो रही है।
कोहली की इस वजह से पाक में हो रही तारीफ:-टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली इन दिनों इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज़ खेल रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान में उनकी खूब वाहवाही हो रही है। पाकिस्तानी फैंस के कोहली की तारीफ करने के पीछे एक खास वजह है। दरअसल कोहली ने काम ही ऐसा किया है। विराट कोहली ने पाकिस्तान के खेल पत्रकार सैय्यद याहया हुसैनी को अपनी हस्ताक्षर की हुई टी-शर्ट भेजी है। कोहली ने इस टी-शर्ट पर लिखा है बेस्ट विशिज़ हुसैनी।कोहली द्वारा भेजी गई इस टी शर्ट की तस्वीर को जिओ न्यूज़ के खेल पत्रकार ने अपने ट्विटर अकाउंट पर पोस्ट करते हुए लिखा कि, मुझे ये टी-शर्ट भेजने के लिए आपका बहुत-बहुत शुक्रिया। आप एक प्रेरणास्रोत हैं। एक आइकन जिसे सीमा पार भी लोग समान रूप से प्यार और सम्मान देते हैं।

साउथैंप्टन। भले ही इस सीरीज में मेजबान टीम 2-1 से आगे हो लेकिन उसकी टीम मेहमानों की अपेक्षा ज्यादा समस्याओं से जूझ रही है। अगर भारतीय टीम 30 अगस्त से शुरू होने वाले चौथे टेस्ट में इन समस्याओं पर हमला करती है तो वह इस टेस्ट को जीतकर सीरीज 2-2 से बराबरी पर ला सकती है।बर्मिंघम और लॉर्डस टेस्ट हारने के बाद टीम इंडिया ने पांच मैचों की सीरीज को जीवंत कर दिया है। इसी के साथ भारतीय प्रसंशकों की उम्मीदें भी जीवंत हो गईं हैं। जहां टीम इंडिया ने अपनी गलतियों से सीखकर आगे बढ़ना शुरू किया है तो वहीं मेजबान टीम के कुछ खिलाड़ी और खासतौर पर ओपनर लगातार गलतियां करते जा रहे हैं। जब तक इंग्लिश टीम जीत रही थी तब तक उनकी गलतियां छुप रहीं थीं, लेकिन अब उन पर सवाल उठने लगे हैं। इससे दबाव वापस इंग्लैंड की टीम पर आ गया है।
जेनिंग्स और कुक हैं परेशान:-इंग्लैंड के दोनों ओपनर केटन जेनिंग्स और एलिस्टेयर कुक का बल्लेबाजी रिकॉर्ड बेहद खराब है और उनके टीम में बने रहने पर सवाल उठ रहे हैं। जेनिंग्स ने पिछले आठ टेस्ट में एक अर्धशतक भी नहीं जमाया है। कुक अपनी पिछली 40 पारियों में सिर्फ पांच बार 50 का आंकड़ा पार कर पाए हैं। इस सीरीज में भी उनके बल्ले से रन नहीं निकले हैं। इंग्लैंड के इस पूर्व कप्तान का क्रिकेट करियर आखिरी पड़ाव पर है। दोनों ओपनर टीम को अच्छी साझेदारी नहीं दे पा रहे हैं और अगर इंग्लिश टीम चौथे टेस्ट में फिर इन पर दांव लगाती है तो टीम इंडिया के गेंदबाजों को मेजबानों की इस कमजोर कड़ी को फिर निशाना बनाना चाहिए।मार्क बुचर के बाद जेनिंग्स ऐसे पहले इंग्लिश ओपनर हैं जिन्होंने लगातार आठ टेस्ट में अर्धशतक नहीं लगाया है। मार्क लगातार 12 टेस्ट में ऐसा करने में असफल रहे थे। इससे पहले 1971-75 में जॉन एडिक नौ मैच, एलेक स्टीवर्ट 1994-95 में नौ मैच और माइक अथर्टन 1997-98 में आठ मैच तक इंग्लिश ओपनर के तौर पर अर्धशतक नहीं लगा पाए थे। हालांकि, इसके बाद इन दिग्गजों का करियर अच्छा गया। अब देखना है कि क्या जेनिंग्स अपने खराब दौर से इन दिग्गजों की तरह उबर पाते हैं या नहीं?
कोहली से सीखें:-जहां भारतीय बल्लेबाजों ने विपरीत परिस्थितयां होने के बावजूद नॉटिंघम टेस्ट में अपनी गलतियों को सुधारते हुए बल्लेबाजी की तो इंग्लिश बल्लेबाज शॉट के चयन में काफी सुस्त नजर आए। कोहली ने 2014 के इंग्लिश दौरे के दु:स्वप्न से निकलकर यहां तीन टेस्ट में 440 रन बना लिए हैं। भारतीय कप्तान ने इंग्लैंड के खिलाफ पिछले सात टेस्ट में चार शतकों और चार अर्धशतकों की बदौलत 1006 रन बनाए हैं। वह इंग्लैंड के खिलाफ सात टेस्ट में 1000 से ज्यादा रन बनाने वाले छठे खिलाड़ी हैं। इस सीरीज में ही उन्होंने दो शतक और दो अर्धशतक लगाए हैं। कुक और जेनिंग्स को उनसे सीखना चाहिए कि कैसे अच्छी बल्लेबाजी से खराब इतिहास को बेहतर भविष्य में बदला जाता है।
बाकी बल्लेबाज भी फेल:-इंग्लैंड के ओपनर ही नहीं बाकी बल्लेबाज भी उनकी परेशानी का सबब हैं। अगर दूसरी पारी में जोस बटलर और बेन स्टोक्स की साझेदारी को छोड़ दें तो पिछले टेस्ट में उनका ऊपरी क्रम और मध्य क्रम फेल रहा। जहां भारतीय बल्लेबाज इंग्लिश गेंदबाजों की गेंदों को आसानी से छोड़ रहे थे और उन्हें पास आने पर खेल रहे तो वहीं मेजबान बल्लेबाज जल्दबाजी में थे। निश्चित तौर पर अगले मैच में भी धैर्य सफलता की कुंजी होगा और विराट एंड कंपनी को इस कुंजी के सहारे इंग्लैंड के ताले खोलने होंगे।
धवन और राहुल ने निभाई अहम भूमिका:-शुरुआती दोनों टेस्ट में भारत की ओपनिंग खराब रही और भारत को हार का सामना करना पड़ा, लेकिन नॉटिंघम में धवन व केएल राहुल ने दोनों पारियों में 60-60 रन की साङोदारी कर बाकी बल्लेबाजों को बेहतर मंच दिया, जिसका फायदा उठाते हुए टीम इंडिया ने दोनों पारियों में 300 का आंकड़ा पार किया। 1981 के बाद इंग्लैंड में ऐसा पहली बार हुआ जब लगातार चार टेस्ट में दोनों ही टीमों के ओपनरों ने अर्धशतक नहीं लगाया, लेकिन नाटिंघम टेस्ट में टीम इंडिया के ओपनरों ने बताया कि बिना अर्धशतक के भी टीम की मदद की जा सकती है।

नई दिल्ली। इंडिया ए और इंडिया बी के बीच खेले जा रहे एकदिवसीय मैच को इंडिया बी की टीम ने जीत लिया। इंडिया बी की इस जीत के हीरो रहे ओपनिंग बल्लेबाज़ मयंक अग्रवाल। अग्रवाल ने इंडिया बी की ओर से धमाकेदार शतक जमाते हुए अपनी टीम को जीत दिला दी। मयंक से पहले इंडिया बी के तेज़ गेंदबाज़ प्रसिद्ध कृष्णा ने भी बेहतरीन गेंदबाज़ी करते हुए चार विकेट चटकाए।
कृष्णा ने तोड़ी कमर:-इस मैच में इंडिया ए ने टॉसी जीतकर पहले बल्लेबाज़ी करने का फैसला किया। इंडिया ए की ओर से अंबाती रायुडू ने सबसे ज़्यादा 48 रन बनाए। इंडिया ए की पूरी टीम पूरे 50 ओवर भी नहीं खेल सकी और 49 ओवर में 217 रन पर सिमट गई। इंडिया बी की ओर से प्रसिद्ध कृष्णा ने चार विकेट चटकाए। कृष्णा ने इंडिया ए के दोनों ओपनर रवि कुमार समर्थ और सूर्य कुमार यादव को पवेलियन की राह दिखाई। इसके बाद इस तेज़ गेंदबाज़ ने इंडिया एक के कप्तान श्रेयस अय्यर और दीपक चाहर को आउट कर इंडिया ए टीम की कमर ही तोड़ दी। कृष्णा ने 8 ओवर में 40 रन देकर चार शिकार किए।
मयंक ने ठोका शतक:-218 रन के स्कोर का पीछा करते हुए इंडिया बी के ओपनिंग बल्लेबाज़ मयंक अग्रवाल ने शतक जड़ दिया। मयंक ने 114 गेंदों पर 124 रन की बेहतरीन पारी खेली। मयंक की शानदार पारी की बदौलत ही इंडिया बी ने ये मैच 41.1 ओवर में 218 रन बनाकर जीत लिया। इंडिया बी की ओर से इशान किशन (25), शुभमन गिल (42) अपना विकेट गंवा बैठे। इसके बाद मयंक अग्रवाल 124 रन बनाकर आउट हुए। मयंक गए तो मनीष पांडे (21) और केदार जाधव (02) ने नाबाद रहते हुए इंडिया बी की टीम को जीत दिला दी।
मयंक को कब मिलेगा मौका?:-मयंक का ये पिछले 11 मैचों में पांचवां शतक है। मयंक ने हाल ही में द.अफ्रीका ए के खिलाफ दोहरा शतक जड़ा था। उस मैच में मयंक ने 220 रन की शानदार पारी खेली थी। 27 वर्षीय ये खिलाड़ी लगातार अपने बल्ले से रनों की झड़ी लगा रहा है, लेकिन फिर भी इस खिलाड़ी को अंतरराष्ट्रीय टीम में जगह नहीं मिल पा रही है।
इंग्लैंड दौरे पर भी किया था दमदार प्रदर्शन:-इंडिया ए की टीम हाल ही में इंग्लैंड का दौरा कर लौटी है। इंग्लैंड में भी मयंक अग्रवाल ने अपनी शानदार बल्लेबाज़ी का जौहर दिखाया था। उन्होंने इंग्लैंड में तीन शतक जड़े थे। लिसेस्टरसर के खिलाफ मयंक ने सबसे पहले नाबाद 151 रन की पारी खेली थी। इसके बाद उन्होंने वेस्टइंडीज़ ए के खिलाफ 112 रन की पारी खेली और फिर अगले ही मैच में उन्होंने इंग्लैंड ए के खिलाफ शानदार शतक ठोकते हुए 112 रन बनाए थे।
ऐसा करने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज़ है मयंक:-मयंक अग्रवाल के नाम एक ऐसा रिकॉर्ड दर्ज़ है जो न तो सचिन तेंदुलकर बना सके और न ही मौजूदा भारतीय कप्तान विराट कोहली इस उपलब्धि तक पहुंच सके हैं। मयंक अग्रवाल भारत के घरेलू क्रिकेट में एक सीज़न में 2000 रन बनाने वाले पहले बल्लेबाज़ हैं। मयंक ने विजय हजारे ट्राफी के 8 मैचों में 3 शतक और चार अर्धशतक ठोके थे। विजय हजारे ट्रॉफी के 8 मैचों में उन्होंने 109, 84, 28,102, 89, 104, 81 और 90 रन बनाए थे।

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेटर गौतम गंभीर मैदान के अंदर और मैदान के बाहर सुर्खियों में रहते है। मैदान के अंदर अपनी टीम को मैच जीताना हो या मैदान के बाहर लोगों के दिल दोनों ही काम में गंभीर हिट है। वैसे भी मैगान के बाहर वह लगतार भ्रष्टाचार का मुद्दा हो या फौज का, वह अपनी बेबाक राय सबके सामने रखते हैं। शहीदों और सैनिकों के परिवार की वह लगातार मदद के लिए तत्पर रहते हैं। यहां तक की दिल्ली में उन्होंने गरीबों को सस्ता भोजन दिलाने की एक स्कीम भी शुरू कर रखी है।भारत को 2-2 वर्ल्डकप जिताने में अहम योगदान निभाने वाले गंभीर ने रक्षाबंधन पर एक ऐसा काम किया, जिसकी वजह से उनकी हर जगह वाहवाही हो रही है। दरअसल रक्षाबंधन के पावन पर्व पर गंभीर ने दो ट्रांसजेंडर्स को बहन बनाया है। यही नहीं गंभीर अपनी इन नई बहनों अबीना अहर और सिमरन शेख से राखी भी बंधवाई। गंभीर ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट करते हुए इसकी जानकारी दी। यहीं नहीं उन्होंने उनके साथ तस्वीर भी साझा की।वैसे असल में गंभीर की एक बड़ी बहन है, जिनका नाम एकता है। वह गंभीर से दो साल बड़ी है। गंभीर अपनी बहन के काफी करीब माने जाते हैं और कहा जाता है कि वह कभी भी परेशान होते हैं तो अपनी बहन के पास ही जाते है।साल 2009 में उन्होंने अपनी बहन की शादी की वजह से इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट मैच खेलने से इंकार कर दिया था, जिसके बाद उनकी काफी आलोचना हुई थी क्योंकि उस समय वह शानदार फॉर्म में चल रहे थे और पिछले टेस्ट में उन्होंने शतक भी लगाया था।

नई दिल्ली। पाकिस्तान के तेज़ गेंदबाज़ मोहम्मद इरफान इन दिनों कैरेबियन प्रीमियर लीग खेल रहे हैं। इस लीग में इरफान ने एक ऐसा काम किया जो टी-20 लीग तो क्या अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट तक में कोई खिलाड़ी नहीं कर सका था। इरफान ने इस मैच में विश्व रिकॉर्ड को पीछे छोड़ा फिर भी वर्ल्ड रिकॉर्ड उनके नाम नहीं हुआ क्योंकि ये कोई अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं था। इस मैच में इरफान ने…
नई दिल्ली। भारत और पाकिस्तान के रिश्तों के बीच कितनी बड़ी दरार है ये सभी को पता है। रोजाना बार्डर पर गोलीबारी की खबरें आती रहती है। लेकिन एक जगह है जहां से इस नफरत की दीवार को गिराया जा सकता है और वो जगह खेल का मैदान। खेल का मैदान भी इन दो देशों के बीच की इस दरार को भरने में अहम भूमिका निभा सकता है। ऐसी ही…
साउथैंप्टन। टीम इंडिया के खिलाफ तीसरे टेस्ट में 203 रनों की हार के बाद इंग्लिश खेमे में भारतीय गेंदबाजों का खौफ समा गया है। भारतीय तेज गेंदबाजों ने तीनों टेस्ट और खासतौर पर नॉटिंघम में जिस तरह की बल्लेबाजी की उससे इंग्लैंड क्रिकेट टीम का प्रबंधन परेशान दिख रहा है। यह हालत तब है जब इंग्लिश कंडीशन में भारत के सबसे घातक गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार चोट के कारण टीम से…
नई दिल्ली। इंडिया ए और इंडिया बी के बीच खेले जा रहे एकदिवसीय मैच को इंडिया बी की टीम ने जीत लिया। इंडिया बी की इस जीत के हीरो रहे ओपनिंग बल्लेबाज़ मयंक अग्रवाल। अग्रवाल ने इंडिया बी की ओर से धमाकेदार शतक जमाते हुए अपनी टीम को जीत दिला दी। मयंक से पहले इंडिया बी के तेज़ गेंदबाज़ प्रसिद्ध कृष्णा ने भी बेहतरीन गेंदबाज़ी करते हुए चार विकेट चटकाए।…
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नार्थ अमेरिका में भारत की राष्ट्रीय भाषा 'हिन्दी' का पहला समाचार पत्र 'हम हिन्दुस्तानी' का शुभारंभ 31 अगस्त 2011 को न्यूयॉर्क में भारत के कौंसल जनरल अम्बैसडर प्रभु दियाल ने अपने शुभ हाथों से किया था। 'हम हिन्दुस्तानी' साप्ताहिक समाचार पत्र के शुभारंभ का यह पहला ऐसा अवसर था जब नार्थ अमेरिका में पहला हिन्दी भाषा का समाचार पत्र भारतीय-अमेरिकन्स के सुपुर्द किया जा रहा था। यह समाचार पत्र मुख्य सम्पादकजसबीर 'जे' सिंह व भावना शर्मा के आनुगत्य में पारिवारिक जिम्मेदारियों को निर्वाह करते हुए निरंतर प्रकाशित किया जा रहा है Read more....

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